ताजा खबरे
महाराजा अग्रसेन जयंती की पूर्व संध्या पर निकली भव्य शोभायात्रापंचायत राज आम चुनाव : अनुपस्थित 34 कार्मिकों को नोटिस, होगी निलंबन की कार्यवाहीशारदीय नवरात्रा कल से, शुभ मुहूर्त व अन्यमारुती उद्योग को लगातार पांचवी बार मिला अंतरराष्ट्रीय सम्मानशारदीय नवरात्रा में लगातार 82वें साल में गोकुल सर्कल पर होगा अखंड हरि कीर्तनप्रदर्शन : दिल्ली में क़िलाबन्दी ? सभी बॉर्डर सील‘पंचायत चुनाव जीतने पर कुंवारे युवकों की शादी कराउंगी’ : वोट दो-दुल्हन लो’अमेरिका में आरोपी को मौत की सजा सुनाई, लाइव दिखाने पर छिड़ी बहसडूंगर कॉलेज के शोधार्थी दीपक यादव को पीएच.डीआरोपी की गिरफ्तारी व निष्पक्ष जांच के आश्वासन के बाद धरना खत्म, मृतक का किया अंतिम संस्कार
IMG 20231123 090506 19 महिलाएं परोसेंगी अब शराब, सरकार ने बदला 116 साल पुराना कानून, महिला मोर्चा कर रहा विरोध Rajasthan News Portal देश
Share This News

Thar पोस्ट। महिलाएं अब शराब भी परोसेंगी। इसके लिए 116 साल पुराने कानून में बदलाव किया गया। बेंगलुरू, दिल्ली और मुंबई जैसे बड़े शहरों में महिलाएं लाइसेंस प्राप्त बार या रेस्ट्रां में काम कर सकती हैं। इसके अलावा केरल और गोवा में भी महिलाओं को बार में काम करने की इजाजत है। आबकारी विभाग इसके लिए एफएल-3 लाइंसेस जारी करता है। जिन बार के पास यह लाइसेंस होता है, वह महिलाओं को काम पर रख सकते हैं।

पश्चिम बंगाल में ममता सरकार ने 116 साल पुराने कानून में बदलाव करते हुए शराब दुकानों में महिलाओं को काम करने की इजाजत दे दी है। बार या कैफे में भी अब महिलाएं काम कर सकती हैं और शराब परोस सकती हैं। हाल ही में पश्चिम बंगाल विधानसभा में ये बिल पास कराया गया था। ऐसे में बंगाल एक्साइज एक्ट 1909 में संशोधन कर ऑन शॉप शराब दुकानों में महिलाओं के काम करने पर लगे प्रतिबंध को हटाया गया। पश्चिम बंगाल वित्त विधेयक, 2025 को राज्य मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य ने विधानसभा में पेश किया। इसके पारित होने के बाद महिलाओं को बार या शराब की दुकान में काम करने की इजाजत मिल गई है। 

इस बारे में बीजेपी का कहना है कि राज्य में महिलाएं सुरक्षित नहीं हैं। इन हालातों में बार में काम करते वक्त महिलाओं को सुरक्षा कौन देगा? इसी का विरोध करते हुए पश्चिम बंगाल भाजपा महिला मोर्चा की तरफ से प्रोटेस्ट मोर्चा निकाला गया। कॉलेज स्क्वेयर से शुरू होते हुए यह मार्च बहु बाजार के एक्साइज डिपार्टमेंट ऑफिस तक पहुंचा।

दुकानों में शराब खरीदने के साथ बैठकर पीने की भी व्यवस्था होती है, उन्हें ऑन कैटेगरी शराब दुकान कहते हैं। वहीं, जिन दुकानों में ग्राहक सिर्फ शराब खरीद सकते हैं। वहां बैठकर पी नहीं सकते, उन दुकानों को ऑफ कैटेगरी दुकान कहा जाता है। यहां से शराब सिर्फ खरीदी जा सकती है।


Share This News