ताजा खबरे
महाराजा अग्रसेन जयंती की पूर्व संध्या पर निकली भव्य शोभायात्रापंचायत राज आम चुनाव : अनुपस्थित 34 कार्मिकों को नोटिस, होगी निलंबन की कार्यवाहीशारदीय नवरात्रा कल से, शुभ मुहूर्त व अन्यमारुती उद्योग को लगातार पांचवी बार मिला अंतरराष्ट्रीय सम्मानशारदीय नवरात्रा में लगातार 82वें साल में गोकुल सर्कल पर होगा अखंड हरि कीर्तनप्रदर्शन : दिल्ली में क़िलाबन्दी ? सभी बॉर्डर सील‘पंचायत चुनाव जीतने पर कुंवारे युवकों की शादी कराउंगी’ : वोट दो-दुल्हन लो’अमेरिका में आरोपी को मौत की सजा सुनाई, लाइव दिखाने पर छिड़ी बहसडूंगर कॉलेज के शोधार्थी दीपक यादव को पीएच.डीआरोपी की गिरफ्तारी व निष्पक्ष जांच के आश्वासन के बाद धरना खत्म, मृतक का किया अंतिम संस्कार
IMG 20220803 WA0120 बीकानेर में जुटेंगे देश-विदेश के शिक्षाविद् Rajasthan News Portal बीकानेर अपडेट
Share This News

Thar पोस्ट, न्यूज। शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास, नई दिल्ली तथा महाराजा गंगासिंह विश्वविद्यालय बीकानेर के संयुक्त तत्वावधान में विश्व के महान दार्शनिक, मनोवैज्ञानिक एवं समाजशास्त्रियों का शिक्षा में योगदान (राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के विशेष संदर्भ में) विषय पर दिनांक 18-19 दिसम्बर 2022 को दो दिवसीय अन्तर्राष्ट्रीय सेमिनार का आयोजन होगा।
आयोजन सचिव डॉ. राजेन्द्र कुमार श्रीमाली ने बताया कि विश्वविद्यालय के कुलपति सचिवालय में महाराजा गंगासिंह विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. विनोद कुमार सिंह, महर्षि दयानन्द सरस्वती विश्वविद्यालय के पूर्व विशेषाधिकारी, डॉ. वेद शर्मा, अन्तर्राष्ट्रीय सेमिनार की समन्वयक डॉ मेघना शर्मा, सुदर्शना कन्या महाविद्यालय के संस्कृत विभाग के प्रो. रजनीरमण झा, डूंगर महाविद्यालय के डॉ॰ बृजरतन जोशी व गुरूकुल बी.एल. मोहता लर्निंग इस्टीट्यूट के अध्यक्ष बाबुलाल मोहता ने ब्रोशर का विमोचन किया।
कुलपति सिंह ने बताया कि विश्व के महान् दार्शनिक यथा जगतगुरु भगवान श्रीकृष्ण, महर्षि कपिल गौतम, पतंजली, शंकराचार्य आदि भारतीय दार्शनिकों के संदर्भ के साथ-साथ अमेरिकी, बिट्रिश, जर्मनी, फ्रांसिसी युनानी एवं रोमन सहित 121 दार्शनिकों के शिक्षा में योगदान पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मंथन होगा।
डॉ. श्रीमाली ने बताया कि इस कार्यक्रम में इण्डियन इकॉनोमिक एसोसिएशन, नई दिल्ली, नेहरू शारदा पीठ स्नातकोत्तर महाविद्यालय बीकानेर की भी विशेष भूमिका रहेगी।

सेमिनार के सह-संरक्षक डॉ. प्रशांत बिस्सा ने बताया कि अन्तर्राष्ट्रीय कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य नई शिक्षा नीति 2020 को वैश्विक परिदृश्य की ओर विकसित कर भारतीय सभ्यता एवं संस्कृति के आयाम स्थापित करना है।कार्यक्रम समन्वयक एमजीएसयूकी डॉ॰ मेघना शर्मा के अनुसार इसी आयोजन के दौरान में डॉ. राजेन्द्र कुमार श्रीमाली द्वारा सम्पादित एवं संकलित पुस्तक तथा जर्नल का विमोचन भी किया जाएगा ।


Share This News