





Thar पोस्ट न्यूज, बीकानेर। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के स्थापना दिवस के अवसर पर गुरुवार को महाराजा गंगा सिंह विश्वविद्यालय में ‘एकलव्य–स्वयं की खोज’ विषय पर प्रेरक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों को आत्मचिंतन, व्यक्तित्व विकास, राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका तथा डिजिटल युग में साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया गया। बड़ी संख्या में विद्यार्थियों, शोधार्थियों एवं शिक्षकों की उपस्थिति ने कार्यक्रम को गरिमामय बना दिया।

कार्यक्रम की अध्यक्षता महाराजा गंगा सिंह विश्वविद्यालय के कुलगुरु आचार्य मनोज दीक्षित ने की। उन्होंने कहा कि आज के प्रतिस्पर्धात्मक दौर में केवल शैक्षणिक ज्ञान ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि आत्मअनुशासन, नैतिक मूल्यों, नेतृत्व क्षमता और समाज के प्रति उत्तरदायित्व की भावना भी उतनी ही आवश्यक है। उन्होंने कहा कि “एकलव्य” भारतीय संस्कृति में समर्पण, आत्मविश्वास और निरंतर सीखने की प्रेरणा का प्रतीक है। विद्यार्थियों को अपने भीतर छिपी प्रतिभा को पहचानते हुए राष्ट्रहित में उसका सदुपयोग करना चाहिए।
मुख्य अतिथि शालिनी बजाज, वृत्त अधिकारी, साइबर पुलिस बीकानेर ने विद्यार्थियों को साइबर अपराधों से बचाव, ऑनलाइन ठगी, सोशल मीडिया सुरक्षा, डिजिटल भुगतान में सावधानी तथा मजबूत साइबर जागरूकता के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि तकनीक का सुरक्षित और जिम्मेदारीपूर्ण उपयोग ही डिजिटल भारत की सबसे बड़ी आवश्यकता है।
विशेष उपस्थिति में मौजूद अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के राष्ट्रीय मंत्री आदित्य तकीआर ने परिषद की कार्यप्रणाली, संगठन के उद्देश्य एवं छात्रहित में किए जा रहे विभिन्न रचनात्मक कार्यों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि एबीवीपी केवल छात्र संगठन नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण की भावना से कार्य करने वाला ऐसा मंच है, जो विद्यार्थियों में नेतृत्व क्षमता, सामाजिक चेतना और सेवा भाव का विकास करता है। उन्होंने युवाओं से शिक्षा के साथ समाज और राष्ट्र के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का भी निर्वहन करने का आह्वान किया।
मुख्य वक्ता डॉ. गणपत सिंह राजपुरोहित, सहायक आचार्य (इतिहास), राजकीय महाविद्यालय बाड़मेर ने प्रेरक उद्बोधन देते हुए कहा कि प्रत्येक विद्यार्थी के भीतर असीम संभावनाएं छिपी होती हैं। सफलता का मार्ग आत्मविश्वास, निरंतर परिश्रम, सकारात्मक सोच और लक्ष्य के प्रति समर्पण से ही प्रशस्त होता है। उन्होंने विद्यार्थियों से असफलताओं से सीख लेकर आगे बढ़ने तथा अपने व्यक्तित्व को निरंतर विकसित करने का संदेश दिया।
कार्यक्रम में पूर्व विभाग संयोजक दिलीप सिंह एवं कुमार विपवल विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम की शुरुआत में इकाई अध्यक्ष हरीश चौधरी ने सभी अतिथियों का स्वागत किया। मंच संचालन आदित्य व्यास ने प्रभावी ढंग से किया, जबकि कार्यक्रम संयोजक नगेंद्र सिंह ने सभी अतिथियों, विद्यार्थियों एवं सहयोगियों का आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए वक्ताओं से संवाद भी किया। स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित यह कार्यक्रम विद्यार्थियों के लिए आत्मविकास, जागरूकता और राष्ट्रसेवा की भावना को सशक्त बनाने वाला प्रेरणादायी आयोजन साबित हुआ।