Thar पोस्ट न्यूज। राजस्थान में मॉनसून सक्रिय है। मौसम विज्ञान केन्द्र जयपुर के मुताबिक उत्तरी राजस्थान एवं हरियाणा के आस पास के क्षेत्रों पर परिसंचरण तंत्र बना हुआ है और उत्तरी बंगाल की खाड़ी में नया कम दबाव बन गया, जिससे आगामी 48 घंटों में वर्षा में बढ़ोत्तरी होने की संभावना है और कोटा, जयपुर एवं भरतपुर संभाग में तीन से 5 सितंबर तक कहीं-कहीं भारी एवं अतिभारी बारिश होने की संभावना है। पश्चिमी राजस्थान में जोधपुर, बीकानेर एवं उदयपुर संभाग एवं दक्षिणी क्षेत्र में कहीं-कहीं भारी वर्षा होने की संभावना है।
विभाग ने कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। प्रदेश में 22 जिले ऐसे हैं, जहां सामान्य से 60 प्रतिशत से अधिक बरसात हो चुकी है, इनमें आठ जिलों डीडवाना कुचामन, टोंक, हनुमानगढ़, गंगानगर, सीकर, जोधपुर, बारां एवं बूंदी में सामान्य से सौ प्रतिशत से भी ज्यादा बरसात हो चुकी है। इनमें सर्वाधिक टोंक जिले में सामान्य वर्षा 513.11 के मुकाबले अब तक 1124.93 मिलीमीटर बरसात हो चुकी जो सामान्य से 119.24 प्रतिशत अधिक है।
इन 22 जिलों में अजमेर, बालोतरा, बारां, ब्यावर, बूंदी, चुरु, दौसा, धौलपुर, डीडवाना-कुचामन, गंगानगर, हनुमानगढ़, जयपुर, झुंझुनूं , जोधपुर, करौली, कोटा, नागौर, पाली, फलौदी, सवाईमाधोपुर, सीकर एवं टोंक जिला शामिल हैं, जबकि सामान्य से अधिक वर्षा वाले 17 जिलों में अलवर, बांसवाड़ा, भरतपुर, भीलवाड़ा, बीकानेर, चित्तौड़गढ़, डीग, डूंगरपुर, जैसलमेर, जालोर, झालावाड़, खेरथल-तिजारा, कोटपुतली-बहरोड़, प्रतापगढ़, राजसमंद, सिरोही एवं उदयपुर जिला शामिल है।