Thar पोस्ट, न्यूज। आसमान से उगलती आग ने सबको परेशान कर दिया है। दिन उगने के साथ ही गर्मी का सितम शुरू हो जाता है। यह सितम सांझ ढलने तक जारी रहता है। मार्च माह में गर्मी ने 122 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है. भीषण गर्मी पड़ने की वजह से लोगों की परेशानी बढ़ गई है। आलम यह है कि काया पर गर्मी अंगारों की मानिंद शूल चुभो रही है। गर्मी का ये सितम अप्रैल के महीने में भी कम नहीं होगा। इस महीने में भी कोई बारिश होने की उम्मीद नहीं है और ना ही चुभती गर्मी से राहत मिलने की संभावना है। ऐसे हालात राजस्थान सहित उत्तर भारत में कम से कम 8 से 10 दिन तक और रहेंगे। भारतीय मौसम विभाग ने कहा है कि अभी पिछले 2 दिनों से हवा चल रही है जिसकी वजह से तापमान में 2 डिग्री तक गिरावट दर्ज की गई है लेकिन आगे कुछ दिनों तक बारिश के अनुमान नहीं है। भारत साल 1901 से मौसम विभाग डेटा जुटा रहा है। तब से आज तक ऐसी गर्मी कभी नहीं पड़ी यानी गर्मी के सारे रिकॉर्ड धराशायी हो गए हैं। मार्च तो गुजर गया लेकिन अप्रैल की गर्म हवाएं लू बनकर लोगों की मुश्किलें बढ़ाने वाली है. फिलहाल लोग धूप से बचने के लिए लोग अलग-अलग उपाय अपना रहें हैं. कूलर, एसी, ठंडा शरबत, घर से निकलने पर छाता और कई तरह के उपाय आजमा रहें हैं।। गर्मी ऐसी है कि मानो मई जून का महीना चल रहा हो। दोपहर में देश के कई बड़े शहरों में सड़कों पर सन्नाटा पसर जाता है। अनेक स्थानों पर सड़कें सुनी हो जाती है।