







Thar पोस्ट न्यूज। राजस्थान में ड्रोन, डीजे आदि पर 5 अगस्त से नए नियम लागू होंगे। पुलिस कमिश्नरेट ने कानून-व्यवस्था और सार्वजनिक सुरक्षा को लेकर एक साथ चार बड़े प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किए हैं। अतिरिक्त पुलिस आयुक्त (कानून एवं व्यवस्था) डॉ. राजीव पचार ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS), 2023 की धारा-163 के तहत ड्रोन संचालन, हुक्का बार, AirBnB और होम-स्टे में ठहरने वाले लोगों के सत्यापन तथा डीजे व तेज ध्वनि विस्तारक यंत्रों के उपयोग को लेकर अलग-अलग आदेश जारी किए हैं। ये आदेश 5 अगस्त से 3 अक्टूबर 2026 तक प्रभावी रहेंगे। उल्लंघन करने वालों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा-223 सहित अन्य संबंधित कानूनों के तहत कार्रवाई की जाएगी। नए आदेश के अनुसार, DGCA की अनुमति के बिना 250 ग्राम से अधिक वजन वाले माइक्रो या उससे बड़ी श्रेणी के ड्रोन उड़ाने की अनुमति नहीं होगी। नैनो ड्रोन उड़ाने वालों को भी फोटोग्राफी से 24 घंटे पहले संबंधित थाना पुलिस को सूचना देनी होगी। ड्रोन 50 फीट से अधिक ऊंचाई पर नहीं उड़ाया जा सकेगा और प्रतिबंधित क्षेत्रों में निर्धारित लाइसेंस एवं अनुमति अनिवार्य होगी।

पुलिस ने होटल, रेस्टोरेंट, गेस्ट हाउस, पब, नाइट क्लब, मॉल, फार्म हाउस और अन्य व्यावसायिक परिसरों में हुक्का बार के संचालन और हुक्के के उपयोग पर प्रतिबंध लगा दिया है। संचालकों को अपने परिसरों में हुक्का उपलब्ध नहीं कराने के निर्देश दिए गए है।
ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए किराये पर दिए जाने वाले फ्लैट, फार्म हाउस, होम-स्टे और अन्य आवासीय परिसरों में अब बिना वैध पहचान पत्र किसी भी व्यक्ति को ठहराने की अनुमति नहीं होगी। संचालकों को प्रत्येक अतिथि का नाम, पता, मोबाइल नंबर और आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस या अन्य अधिकृत पहचान पत्र का रिकॉर्ड रखना होगा। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को देनी होगी।
डीजे और तेज आवाज वाले साउंड सिस्टम पर नियंत्रण
बिना पूर्व अनुमति सार्वजनिक या सामाजिक कार्यक्रमों में डीजे और तेज ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग नहीं किया जा सकेगा। रात 10 बजे से सुबह 6 बजे तक किसी भी कार्यक्रम के लिए अनुमति नहीं दी जाएगी। ध्वनि स्तर भी निर्धारित मानकों से अधिक नहीं रखा जा सकेगा। वाहनों पर जनरेटर और स्पीकर लगाकर डीजे वाहन संचालित करने पर भी कार्रवाई होगी।
