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SAVE 20260915 201341 बीकानेर में बना रिकॉर्ड: एक ही पेड़ के चित्र में बना डाले 17,480 पत्ते! प्रसिद्ध मिनिएचर आर्टिस्ट राजू स्वामी का अनूठा रिकॉर्ड, देश विदेश में जलवा Rajasthan News Portal पर्यटन, देश
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Thar पोस्ट न्यूज। इंडियन बुक ऑफ रिकॉर्ड्स ने दी आधिकारिक मान्यता | 3×4 इंच के चित्र में सूक्ष्म चित्रांकन की अद्भुत मिसाल

बीकानेर। बीकानेर की पारंपरिक लघु चित्रकला को देश-विदेश में पहचान दिलाने वाले वरिष्ठ कलाकार राजू स्वामी ने अपनी सूक्ष्म चित्रांकन कला के माध्यम से एक उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। उनके द्वारा बनाए गए एक बरगद के लघुचित्र में 17,480 पत्तों को हाथ से चित्रित करने के रिकॉर्ड को इंडियन बुक ऑफ रिकॉर्ड्स ने आधिकारिक रूप से मान्यता प्रदान की है।

विशेष बात यह है कि यह पूरा चित्र मात्र 3×4 इंच आकार का है। प्रत्येक पत्ता अत्यंत सूक्ष्मता से हाथ से बनाया गया है। इस कार्य में पारंपरिक प्राकृतिक रंगों तथा अत्यंत महीन गिलहरी के बालों से बने ब्रश का प्रयोग किया गया। चित्र का निर्माण नंगी आंखों से, बिना किसी ऑप्टिकल उपकरण की सहायता के किया गया।

यह रिकॉर्ड प्रयास 10 अक्टूबर 1999 को बीकानेर, राजस्थान में किया गया था। लगभग 27 वर्षों बाद, सितंबर 2026 में इंडियन बुक ऑफ रिकॉर्ड्स द्वारा इसे आधिकारिक रूप से मान्यता प्रदान की गई। रिकॉर्ड की आधिकारिक मान्यता के साथ राजू स्वामी को रिकॉर्ड किट भी प्रदान की गई है।

राजू स्वामी बीकानेर स्कूल ऑफ मिनिएचर पेंटिंग के जाने-माने कलाकार हैं। उनका जन्म 18 फरवरी 1967 को बीकानेर में हुआ। उन्होंने पारंपरिक बीकानेर लघु चित्रकला का प्रशिक्षण अपने पिता एवं वरिष्ठ कलाकार श्री गोर्धन दास स्वामी के मार्गदर्शन में प्राप्त किया। तीन दशकों से अधिक समय से वे इस पारंपरिक कला शैली के संरक्षण और प्रचार-प्रसार के लिए कार्य कर रहे हैं।

राजू स्वामी की कला यात्रा केवल बीकानेर तक सीमित नहीं रही है। उनकी कृतियां देश-विदेश की विभिन्न प्रदर्शनियों में प्रदर्शित हो चुकी हैं। वर्ष 1995 में उनकी दो वनस्पति विषयक कृतियों का चयन 8वीं International Exhibition of Botanical Art & Illustration, Hunt Institute for Botanical Documentation, Carnegie Mellon University, Pittsburgh, USA के लिए हुआ था। वे 1997 में पेरिस की Gallery Lafayette सहित देश की प्रमुख कला संस्थाओं और संग्रहालयों में भी प्रदर्शित हो चुके हैं।

वर्ष 2012 में नई दिल्ली स्थित India International Centre (IIC) में “The Bikaner School” प्रदर्शनी के दौरान राजू स्वामी ने पारंपरिक लघु चित्रकला की कार्यशाला भी आयोजित की। उनकी मूल कृतियां बीकानेर के Prachina Museum, Junagarh Fort में भी प्रदर्शित हैं।

अंतरराष्ट्रीय कला बाजार में भी राजू स्वामी की कृतियों की पहचान दर्ज है। उनकी एक बरगद विषयक कृति “14675 Leaves” वर्ष 2022 में नीदरलैंड्स के De Zwaan में नीलाम हुई, जबकि उनकी एक अन्य कृति “A Peacock and Squirrels in a Tree” वर्ष 2021 में लंदन के Roseberys में नीलाम हुई।

राजू स्वामी को भारत सरकार के कपड़ा मंत्रालय के विकास आयुक्त (हस्तशिल्प) कार्यालय द्वारा सरकारी पंजीकृत शिल्पकार के रूप में भी मान्यता प्राप्त है।

इस रिकॉर्ड की मूल पेंटिंग आज भी राजू स्वामी के पास सुरक्षित है। कला प्रेमी इस ऐतिहासिक लघुचित्र को बीकानेर स्थित उनकी कला गैलरी एवं स्टूडियो ‘स्वामी आर्ट’, कीर्ति स्तंभ, लालगढ़ पैलेस रोड पर जाकर प्रत्यक्ष देख सकते हैं।

राजू स्वामी की यह उपलब्धि न केवल उनकी व्यक्तिगत कला-साधना का सम्मान है, बल्कि बीकानेर की सदियों पुरानी लघु चित्रकला परंपरा की सूक्ष्मता, धैर्य और शिल्प-कौशल को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सामने लाने वाली महत्वपूर्ण उपलब्धि भी है।


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