



Thar पोस्ट न्यूज। भाजपा नेता महावीर रांका का भले ही टिकट कट गया है लेकिन अब वे वैश्य समाज के साथ अन्य समाजों व आमजन में चर्चित हो रहे है। पहले उनका नाम समाजसेवा में आगे था लेकिन अब उनकी चर्चा भाजपा नेता के तौर पर घर-घर है। ताजा घटनाक्रम पर रांका ने वीडियों जारी कर कहा पार्टी जो निर्णय किया है वो स्वीकार है। लेकिन मंगलवार को चुनाव प्रभारी महावीर सैनी के एक बयान ने फिर भुचाल ला दिया। सैनी ने कहा था कि महावीर रांका का टिकट काटने का सवाल ही नहीं उठता, क्योंकि वे पार्टी की फाइनलिस्ट सूची में शामिल ही नहीं थे। सैनी ने कहा कि टिकट जब कटता है तब टिकट देकर टिकट वापस छीन लिया जाता है और उसकी जगह किसी दूसरे प्रत्याशी को उतार दिया जाता है, लेकिन रांका के मामले में ऐसा नहीं हुआ, उन्होंने आवेदन किया था। सैनी ने कहा कि पार्टी में टिकट के लिए आवेदन करना प्रत्येक कार्यकर्ता का अधिकार है, उसी हक के साथ रांका ने आवेदन किया था, लेकिन अंतिम निर्णय पार्टी संगठन करता है। उन्होंने कहा कि भाजपा ने पूरी प्रक्रिया के बाद प्रत्याशियों का चयन किया है और सभी कार्यकर्ताओं को संगठन के निर्णय का सम्मान करना चाहिए। महावीर रांका को लेकर सैनी ने कहा कि वे पार्टी के शानदार और समर्पित कार्यकर्ता हैं।
इसको लेकर महावीर रांका ने मीडियों को बताया कि चुनाव प्रभारी ने जो बयान दिये है वो सरासर गलत है उन्होंने बताया कि मेरे पास सह संयोजक सत्यप्रकाश आचार्य व जिलाअध्यक्ष सुमन छाजेड का फोन आया कि आप भाजपा के प्रत्याशी के रुप में फार्म भर देना। इनके कहने पर मैने फार्म भरा। रांका ने कहा मजे की बात है मुझे विधि प्रकोष्ठ से फोन आया था कि फार्म चैक करवाकर भरना। इतना होने के बाद भी सिंबल ऐनवक्त पर गोलछा को दे दिया।

