Thar पोस्ट। पीबीएम अस्पताल परिसर में जनाना अस्पताल के सामने बने मारवाड़ जन सेवा समिति कॉम्पलेक्स में जल मंदिर का उद्घाटन बुधवार को अस्पताल अधीक्षक डॉ. पी. के. सैनी ने किया। इसका निर्माण मारवाड़ जन सेवा समिति की प्रेरणा से तोषावड़ सोनी परिवार द्वारा स्व. लक्ष्मी देवी एवं स्व. चुन्नीलाल सोनी की याद में करवाया गया है। इस अवसर पर डॉ. संजय पुरी, डॉ. राजेंद्र सिंह व सोनी परिवार उपस्थित रहा। अधीक्षक डॉ पी. के. सैनी ने कहा कि सोनी परिवार द्वारा मानव हित में किया गया यह कार्य अनुकरणीय है। इससे सभी को मानव हित में कार्य करने की प्रेरणा मिलेगी। मारवाड़ जन सेवा समिति के अध्यक्ष रमेश व्यास ने बताया कि प्रचंड गर्मी को देखते हुए यह ठंडे पानी की मशीन लगाई गई है, जिससे मरीजों एवं मरीजों के रिश्तेदारों को राहत मिलेगी।
Thar पोस्ट न्यूज़। शिक्षा विभागीय कर्मचारी संघ राजस्थान बीकानेर ने शिक्षा मंत्री श्री बीडी कल्ला का आभार जताया है। संघ ने विज्ञप्ति जारी कर बताया कि
11 सूत्री माँग पत्र पर कार्यवाही शुरू हुई। कमल नारायण आचार्य मदन मोहन ब्यास नवरत्न जोशी राजेश पारीक औम विश्नोई गिरिराज हर्ष विष्णु पुरोहित और पूरी टीम ने इस सराहनीय प्रयास के लिये निदेंशक और शिक्षा मंत्री का आभार और साधुवाद दिया है।
31 मार्च तक गृहकर व नगरीय विकास कर जमा करवाने पर मिलेगी छूट
Thar पोस्ट। नगर निगम क्षेत्र में आने वाले आवासीय, व्यावसायिक भूखंड व भवनों के गृहकर की एक मुश्त राशि 31 मार्च 2023 तक जमा करवाने पर मूल गृहकर की राशि पर 50 प्रतिशत तथा शास्ति पर शत प्रतिशत छूट दी जाएगी। नगर निगम आयुक्त गोपालराम बिरदा ने बताया कि इसी अवधि में नगरीय विकास कर की राशि एक मुश्त जमा करवाने पर ब्याज व शास्ति पर शतप्रतिशत छूट प्रदान की जाएगी। जिन प्रकरणों में वर्ष 2011-12 से पहले का नगरीय विकास कर बकाया हैं उनमें एक मुश्त राशि जमा करवाने पर शास्ति की छूट के साथ -साथ मूल बकाया में भी 50 प्रतिशत की छूट मिलेगी।
बिरदा ने बताया कि इस छूट के अलावा नगरीय विकास कर की सम्पूर्ण बकाया राशि जमा होने पर चालू वित्तीय वर्ष 2022-23 की कर राशि 30 सितम्बर तक जमा करवाने पर 5 प्रतिशत की छूट दी जाएगी। महिला स्वामित्व की सम्पत्ति पर चालू वित्तीय वर्ष में 10 प्रतिशत की अतिरिक्त छूट दी जाएगी। उन्होंने बताया कि नगरीय विकास कर के बकायेदारों को राशि जमा कराने के लिए विपत्र साधारण डाक द्वारा वितरित करवाये गए हैं। विपत्र नहीं मिलने की स्थिति में सम्बंधित बकायादार निगम के मुख्य कार्यालय में संपर्क कर राशि जमा करवा सकते हैं। विपत्र नहीं मिलने की स्थिति में सभी बकायेदार जो कर की श्रेणी में आते हैं , जिन्होंने अपनी संपत्ति का स्वकर निर्धारण नहीं करवाया है (आवासीय संस्थानिक 300 वर्ग गज व औद्योगिक 500 वर्ग गज तथा व्यवसायिक 100 वर्ग गज से अधिक) तथा जिन्होंने अपनी संपत्ति में परिवर्तन करा लिया है वे निगम के मुख्य कार्यालय में संपर्क कर अपना स्वकर निर्धारण पत्र भरकर अपने कर की राशि जमा करवा सकते हैं। कर की राशि ऑनलाइन भी जमा करवाई जा सकती है।
*प्राथमिक शिक्षा का माध्यम राजस्थानी हो-रंगा* नई शिक्षा नीति के चलते एवं विश्व स्तर पर भाषा वैज्ञानिकों के सर्वमान्य निर्णय के अनुसार बालकों को प्राथमिक शिक्षा उनकी मातृभाषा में ही देनी चाहिए। इसी संदर्भ में प्रदेश के मुख्य मंत्री अशोक गहलोत एवं शिक्षामंत्री डॉ बी.डी. कल्ला को पत्र लिखकर राजस्थानी युवा लेखक संघ के प्रदेशाध्यक्ष एवं राजस्थानी मान्यता आंदोलन के प्रवर्तक कमल रंगा ने मांग की है कि प्रदेश में प्राथमिक स्तर पर शिक्षा का माध्यम मातृभाषा राजस्थानी में हो। इसके लिए राज्य स्तर शीघ्र निर्णय लिया जाना चाहिए।
रंगा ने इस संदर्भ में बताया कि देश मंे इस बाबत कार्यवाही प्रारंभ हो गयी है और उत्तराखंड राज्य देश का पहला ऐसा राज्य बन गया जिसने अपने प्रदेश में बालकों के हित में प्राथमिक शिक्षा प्रदेश की मातृभाषा में देने का निर्णय ले लिया है। देश के अन्य प्रदेशों मंे भी कार्यवाही चल रही है। रंगा ने कहा कि राजस्थान सरकार द्वारा भी जब वर्तमान में जन लोककल्याणकारी अनेक निर्णय देश में प्रथम पहल करते हुए लिए है। ऐसी स्थिति में भाषा जैसे संवेदनशील विषय एवं बालक ही भविष्य है उनके उज्जवल भविष्य के लिए इस बाबत शीघ्र निर्णय सरकार को लेना चाहिए।
रंगा ने राजस्थानी भाषा के संदर्भ में ही प्रदेश की दूसरी राजभाषा राजस्थानी बनाने की पुनः मांग करते हुए कहा कि राजस्थानी को प्रदेश की दूसरी राजभाषा बनाने के लिए भारतीय संविधान में स्पष्ट रूप से विधिक प्रावधान है।