ताजा खबरे
रेलवे पुलिस की अनुकरणीय पहल, बेटी मानकर भरा मायरादेर रात मौसम विभाग ने 12 जिलों की रिपोर्ट जारी कीअनुपस्थित मिले कार्मिकों के विरुद्ध होगी कार्रवाई, जिला मुख्यालय पर विभिन्न कार्यालयों का आकस्मिक निरीक्षणमीडिया काउंसिल ऑफ जर्नलिस्ट्स का सदस्यता अभियान 1 मई सेपाकिस्तान से जुड़े थे तार! **70 करोड़ रुपए की हेरोइन बरामदगी मामले में दो गिरफ्तार, पुलिस अधीक्षक की प्रेस वार्ताकोटगेट पर कांग्रेस का प्रदर्शनव्यापार मंडल के अध्यक्ष राठी ने शोभासर औद्योगिक क्षेत्र की समस्याओं के समाधान हेतु जिला कलेक्टर से की वार्तातरबूज मिलावटी या जहरीला जानलेवा तो नहीं? ऐसे करें पहचान, चिकित्सक ने 4 जनोँ की मौत की वजह बताईसांखला व कोटगेट रेलवे फाटक पर जाम के दौरान लगेगा छाया टेंट, श्याम पंचारिया की मांग पर जिला कलेक्टर ने दिए निर्देशगंगा तट पर होगा चार दिवसीय यज्ञोपवित संस्कार, बीकानेर से सैकड़ों बच्चे धारण करेंगे जनेऊ
IMG 20241023 101608 विधायक व्यास ने पीबीएम प्रशासन पर लगाए भ्रष्टाचार के आरोप Rajasthan News Portal राजस्थान
Share This News

Thar पोस्ट न्यूज। बीकानेर पश्चिम से विधायक जेठानंद व्यास ने पीबीएम अस्पताल प्रशासन पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए अधिकारियों को खरी खरी सुनाई। विधायक ने पीबीएम प्रशासन पर भ्रष्टाचार के तीन गंभीर आरोप लगाते हुए अस्पताल प्रबंधन और संविदा नियुक्ति प्रक्रिया पर सवाल उठाए। यह आरोप उन्होंने पीबीएम अस्पताल परिसर में भामाशाह परिवार द्वारा निर्मित कॉटेज के लोकार्पण कार्यक्रम के दौरान सार्वजनिक मंच से लगाए, जिससे अस्पताल प्रशासन में हडक़ंप मच गया।

विधायक व्यास ने आरोप लगाते हुए कहा कि पीबीएम अस्पताल में ठेके पर कर्मचारी लगाने के नाम पर एक-एक लाख रुपये तक की वसूली की जा रही है। उन्होंने दावा किया कि नौकरी दिलाने के लिए लोगों से खुलेआम रकम मांगी जा रही है, जो सीधे तौर पर भ्रष्टाचार का बड़ा प्रमाण है।

पीबीएम के तहत चल रहे जनता क्लिनिक में नियुक्त कर्मचारियों से हर महीने 500 रुपये से लेकर 1000 और 3000 रुपये तक नियमित रूप से वसूले जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह वसूली महीनों से चल रही है और कर्मचारियों को मजबूर किया जा रहा है।

विधायक ने संविदा कर्मचारियों की भर्ती करने वाली निजी फर्मों पर भी गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पीबीएम में 500 कर्मचारियों की नियुक्ति बताकर केवल 200-200 लोगों को ही लगाया गया, जबकि शेष लोगों को नहीं लगाकर भ्रष्टाचार का खेल खेला गया।

उन्होंने इसे भर्ती प्रक्रिया में बड़ा घोटाला बताते हुए कहा कि जनता के पैसों और अस्पताल की व्यवस्था के साथ खुला खेल किया जा रहा है। अस्पताल अधीक्षक डॉ. बी.सी. घिया ने कहा कि सभी कार्य पारदर्शिता के साथ होते है। विधायक द्वारा लगाए गए आरोपों की जांच करवाई जाएगी।


Share This News