Thar पोस्ट, न्यूज। देश के विभिन्न राज्यों की तरह राजस्थान में भी बिजली कटौती का दौर शुरू हो गया है। भीषण गर्मी में लोग परेशान होंगे। बिजली की बढ़ी हुई मांग व ख़पत को देखते हुए यह निर्णय हुआ है। ऊर्जा विभाग और डिस्कॉम्स ने देश के विभिन्न राज्यों में 7 से 8 घंटे बिजली कटौती की जाएगी। इसमें ग्रामीण इलाकों में ढाई से तीन घंटे तक कटौती की जा सकती है, जबकि शहरी इलाकों में एक घंटे का समय रखा जा सकता है। हालांकि इसमें राहत वाली बात यह है कि जिला और संभागीय मुख्यालय में कटौती का फैसला बिजली आपूर्ति और मांग के आधार पर किया जाएगा। यह भी कहा गया है कि प्रदेश में बिजली की स्थिति सामान्य होते ही कटौती बंद कर दी जाएगी। कटौती का असर बीकानेर सहित राज्य के अन्य जिलों में होगा। प्रमुख शासन सचिव ऊर्जा एवं अध्यक्ष डिस्काॅम्स भास्कर ए. सावंत का कहना है कि पिछले साल अप्रेल में बिजली की मांग प्रतिदिन लगभग 2131 लाख यूनिट थी और अधिकतम मांग 11570 मेगावाट थी। वह चालू वर्ष में बढ़कर करीब 2800 लाख यूनिट प्रतिदिन व अधिकतम 13700 मेगावाट पहुंच गई है। इस तरह प्रदेश में बिजली की मांग 31 प्रतिशत बढ़ गई है।