Thar पोस्ट न्यूज। बीकानेर का प्रतिनिधित्व करने हेतू मैयो कॉलेज, अजमेर ने बीकानेर राजपरिवार की वरिष्ठतम सदस्या प्रिंसेस राज्यश्री कुमारी को प्रथम लेडी पैट्रॉन (संरक्षक) सदस्या मनोनित किया।8

मेयो कॉलेज, अजमेर ना सिर्फ राजस्थान में बल्कि सम्पूर्ण भारत में विख्यात बोर्डिंग पब्लिक स्कूल हैं। इसकी स्थापना 1875 हुई थी। यह स्कूल भारत के सबसे पुराने पब्लिक बोर्डिंग स्कूलों में से एक हैं। इस स्कूल का बीकानेर राजपरिवार से पुराना व लगातार धनिष्ठ सम्बन्ध रहा हैं।

बीकानेर के महाराजा श्री गंगासिंहजी ने सन् 1889 में 9 वर्ष की आयु में मैयो कॉलेज, अजमेर में कक्षा 6 में प्रवेश लिया तथा 1894 तक मेयो कॉलेज अजमेर में रहकर अपनी प्रारंभिक शिक्षा ग्रहण की।

मेयो कॉलेज के निर्माण के प्लॉन के साथ ही लॉर्ड मेयो ने राजपूताना के राजाओं व सरदारों को उनके बच्चों के लिए मेयो कॉलेज में बोर्डिंग हॉउस निर्माण हेतू आमंत्रित किया परिणामस्वरुप महाराजा गांगसिंहजी द्वारा मेयो कॉलेज में बीकानेर हॉउस का निर्माण करवाया गया।

इसके बाद बीकानेर के महाराजा श्री नरेन्द्रसिंहजी ने मेयो कॉलेज में शिक्षा ग्रहण की तथा वर्तमान में महाराजा डॉ करणीसिंह जी के छोटी पुत्री प्रिंसेस मधुलिका कुमारी जी के पौत्र मेयो कॉलेज में अध्यनरत हैं।

अभी हाल ही में 23 जुलाई 2024 को मेयो कॉलेज जनरल कॉउन्सिल की बैठक में बीकानेर व मेयो कॉलेज, अजमेर के पुराने व धनिष्ठ संबन्धों को देखते हुए जनरल कॉउन्सिल के अध्यक्ष महाराजा गजसिंहजी ऑफ जोधपुर ने बीकानेर राजपरिवार की वरिष्ठम सदस्या प्रिंसेस राज्यश्री कुमारी का नाम बीकानेर का प्रतिनिघत्व करने के लिए पैट्रॉन (संरक्षक) के तौर पर प्रस्तावित किया जिसका जनरल कॉउन्सिल द्वारा सर्वसम्मति से पास कर स्वागत किया गया।

प्रिंसेस राज्यश्री कुमारी ने मैयो कॉलेज जनरल कॉउन्सिल, अजमेर के अध्यक्ष महाराजा गजसिंहजी के इस आमंत्रण को सहर्ष स्वीकार कर आवश्यक कार्यवाही पूर्ण करते हुए महाराजा गंजसिंहजी व मैयो कॉलेज जनरल कॉउन्सिल के सदस्यों का आभार व्यक्त किया तथा कहा कि मेयो कॉलेज, अजमेर जनरल कॉउन्सिल की प्रथम लेडी पैट्रॉन (संरक्षक) सदस्या मनोनित होने पर वे अपने आप को गौरवान्वित महसूस करती हैं तथा इस पद की गरिमा को घ्यान में रखते इसके प्रति अपनी जिम्मेवारी व दायित्वों का निर्वाह करने का प्रयास हमेशा करेंगी।