Thar पोस्ट। भीषण गर्मी से अभी कोई निजात नहीं मिलेगी। मौसम केन्द्र जयपुर ने छह दिन प्रदेश में ऑरेज और रेड अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार जनवरी से लेकर मई के पहले सप्ताह तक लगातार कुछ दिनों के अंतराल पर आ रहे पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टर्बेंस) वर्तमान में ऊपर की ओर उत्तरी दिशा में सरक गए हैं, जो अफगानिस्तान और चीन के ऊपर से होकर गुजर रहे हैं। उत्तरी भारत में ये विक्षोभ ही बादल, बरसात और आंधी लेकर आते हैं।

प्रचंड गर्मी की यह वजह

पश्चिमी राजस्थान में बीते 6 दिन से एंटी साइक्लोनिक सर्कुलेशन (उलटी दिशा में घूमती हवा) बना हुआ है, जो भयंकर गर्मी का सबसे बड़ा कारण है। इसको हटाने के लिए विक्षोभ चाहिए लेकिन मानसून सामने (हिंद महासागर) होने से विक्षोभ के नीचे आने की अब कोई उम्मीद नहीं है।

भारत में गर्मी के दिनों में मानसून से पहले बंगाल की खाड़ी और अरब सागर में उष्णकटिंबधीय चक्रवात बनते हैं तो तूफानी हवाओं के साथ बारिश लाते हैं और मौसम बदलते हैं। इस साल एक भी चक्रवात नहीं आया। पिछले साल जून में बिपरजोय आया था जो 21 दिन तक चला था। वर्तमान में मानसून मालदीव, श्रीलंका के बॉर्डर और भारत में निकोबर द्वीप तक पहुंच चुका है।