ताजा खबरे
चलती कार बनी आग का गोला, 5 की मौतरेलवे पुलिस की अनुकरणीय पहल, बेटी मानकर भरा मायरादेर रात मौसम विभाग ने 12 जिलों की रिपोर्ट जारी कीअनुपस्थित मिले कार्मिकों के विरुद्ध होगी कार्रवाई, जिला मुख्यालय पर विभिन्न कार्यालयों का आकस्मिक निरीक्षणमीडिया काउंसिल ऑफ जर्नलिस्ट्स का सदस्यता अभियान 1 मई सेपाकिस्तान से जुड़े थे तार! **70 करोड़ रुपए की हेरोइन बरामदगी मामले में दो गिरफ्तार, पुलिस अधीक्षक की प्रेस वार्ताकोटगेट पर कांग्रेस का प्रदर्शनव्यापार मंडल के अध्यक्ष राठी ने शोभासर औद्योगिक क्षेत्र की समस्याओं के समाधान हेतु जिला कलेक्टर से की वार्तातरबूज मिलावटी या जहरीला जानलेवा तो नहीं? ऐसे करें पहचान, चिकित्सक ने 4 जनोँ की मौत की वजह बताईसांखला व कोटगेट रेलवे फाटक पर जाम के दौरान लगेगा छाया टेंट, श्याम पंचारिया की मांग पर जिला कलेक्टर ने दिए निर्देश
ScreenShot2020 08 19at5.45.42PM 9 विश्व पर एक और महामारी का खतरा! Rajasthan News Portal बीकानेर अपडेट
Share This News

Tp न्यूज़। कोरोना के साथ ही एक और महामारी का खतरा मंडरा रहा है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के शीर्ष विशेषज्ञ ने चेतावनी दी है कि ‘स्पेनिश फ्लू’ (Spanish Flu) फिर से लौट (Return) सकता है. करीब 100 साल पहले इस फ्लू के चलते पांच करोड़ लोगों को जान गंवानी पड़ी थी. WHO के शीर्ष विशेषज्ञ ने इंफ्लूएंजा को लेकर चेतावनी देते हुए कहा कि स्पेनिश फ्लू अगली महामारी का कारण बन सकता है.

ब्रिटिश अखबार द सन की रिपोर्ट के मुताबिक, WHO के ‘ग्लोबल इंफ्लूएंजा सर्विलांस एंड रिस्पांस सिस्टम’ के शीर्ष सदस्य डॉ जॉन मैककौली (Dr John McCauley) ने बताया कि ये सामान्य फ्लू वायरस में परिवर्तन कर इसे अधिक घातक बना सकता है.
जहां एक ओर दुनिया कोविड-19 महामारी से जूझ रही है. वहीं दूसरी ओर वैज्ञानिक उन वायरसों का पता लगा रहे हैं, जिनकी वजह से अगली महामारी आने का खतरा है. डॉ मैककौली ने इस बात का खुलासा किया कि उनकी सबसे बड़ी चिंता अब आम फ्लू को लेकर है. उन्होंने चेतावनी दी कि फ्लू का स्ट्रेन भविष्य होने वाली महामारी की वजह बनेगी। डॉ जॉन मैककौली के मुताबिक, कोरोना उपाय जैसे कि सामाजिक दूरी और नियमित रूप से हाथ धोना के जरिए एक सदी से अधिक समय तक फ्लू का ज्यादा सर्कुलेशन नहीं हो पाया है. लेकिन कोरोना के बाद की दुनिया में सीजनल फ्लू जैसे वायरस अधिक खतरनाक हो सकते हैं. लोगों की घटती इम्युनिटी इसका बड़ा कारण है. उन्होंने कहा, ब्रिटेन को पहले ही चेतावनी दी जा चुकी है कि अगली सर्दियों तक देश में फ्लू के मामलों में इजाफा होगा. जबकि इस सीजन फ्लू लगभग गायब भी रहा है.

स्पेनिश फ्लू का खतरा

ब्रिटिश मेडिकल जर्नल में प्रकाशित एक शोध के मुताबिक, कोरोनावायरस और फ्लू से संक्रमित होने वाले लोगों का सिर्फ कोरोना संक्रमित होने वाले लोगों की तुलना में मरने का अधिक खतरा है. साल 1918 में आए स्पेनिश फ्लू के चलते दुनिया की एक तिहाई आबादी संक्रमित हो गई थी. इस फ्लू की शुरुआत होने की वजह पक्षी थे. स्पेनिश फ्लू के चलते करीब पांच करोड़ लोगों की मौत हुई, जो प्रथम विश्व युद्ध में हुई मौत से कहीं अधिक है. वहीं, डॉ मैककौली ने चेतावनी देते हुए कहा है कि हमें इसके लिए तैयार रहना होगा।


Share This News