Thar पोस्ट, न्यूज। बीकानेर संभाग के हनुमानगढ़ में महिलाओं के अश्लील फोटो फेसबुक पर डालकर करते थे ब्लैकमेल, दो भाई गिरफ्तार, 4 हजार युवतियों की मिलीं तस्वीरें, मृत व्यक्ति की आईडी से लेते थे सिम। प्रिंसिपल की पत्नी व बेटी की फर्जी आईडी बनाकर अश्लील फोटो परिचित और अन्य को भेजने के आरोप में दो सगे भाइयों काे गिरफ्तार किया है। आरोपी महिलाओं की फोटो एडिट कर सोशल मीडिया पर शेयर करते थे। जांच के दौरान महिलाओं को ब्लैकमेल कर अवैध संबंध बनाने की भी बात सामने आई है। मामला हनुमानगढ़ जिले के नोहर थाना क्षेत्र का है। एसपी डॉ. राजीव पचार के अनुसार आरोपी इतने शातिर हैं कि वारदात में काम में ली जाने वाली सिम भी किसी मृत व्यक्ति की आईडी से इश्यू कराते थे। पब्लिक प्लेस के वाई-फाई का इस्तेमाल कर फर्जी आईडी के जरिए वारदात को अंजाम देते थे।आरोपियों के मोबाइल फोन से 4 हजार से ज्यादा युवतियों की फोटोज मिली हैं। पुलिस इनसे गहनता से पूछताछ कर रही है।पीड़ित ने नोहर थाने में 22 मार्च 2022 को रिपोर्ट दी कि मैं नोहर में एक स्कूल में प्रिंसिपल के पद पर कार्यरत हूं। किन्हीं अज्ञात लोगों ने मेरी पत्नी और बेटी के नाम से फर्जी फेसबुक आईडी बना रखी है। उन्होंने मेरी पत्नी और बेटी के फोटो को अश्लील तस्वीरों के साथ एडिट कर मेरे परिचितों और अन्य लोगों को शेयर कर दी है। इससे मेरी और परिवार की समाज में बहुत बदनामी हुई है। आरोपियों की इस तरह की हरकत से मैं और मेरा परिवार मानसिक रूप से प्रताड़ित हुआ है।पुलिस ने संबंधित फर्जी फेसबुक आईडी का रिकॉर्ड लेकर जांच की तो पता चला कि आरोपी योगेश (25) और नितिन उर्फ बबलू (23) पुत्र स्व. नरेंद्र मिश्रा टेक्नोलॉजी के जानकार हैं। वे पब्लिक वाई-फाई के अलावा अनजान जगहों पर लगे वाई-फाई के पासवर्ड को हैक करके फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट का इस्तेमाल करते थे। दोनों ने नोहर कस्बे के तीन घरों से वाई-फाई हैक किए और इंटरनेट का उपयोग कर रहे थे ताकि उन्हें ट्रेस न किया जा सके। आरोपी अलग-अलग सोशल मीडिया अकाउंट बनाकर हर तरीके से पीड़ित और उसके परिवार को परेशान करते थे। आरोपियों ने पीड़ित की पत्नी और उसकी बेटी की फोटो एडिट करके करीब 600 अश्लील फोटो सोशल मीडिया पर शेयर की थीं। इनमें अनर्गल बातें भी लिखते थे।पुलिस ने संबंधित फर्जी फेसबुक आईडी का रिकॉर्ड लेकर जांच की तो पता चला कि आरोपी योगेश (25) और नितिन उर्फ बबलू (23) पुत्र स्व. नरेंद्र मिश्रा टेक्नोलॉजी के जानकार हैं। दोनों ने नोहर कस्बे के तीन घरों से वाई-फाई हैक किए और इंटरनेट का उपयोग कर रहे थे ताकि उन्हें ट्रेस न किया जा सके। आरोपी अलग-अलग सोशल मीडिया अकाउंट बनाकर हर तरीके से पीड़ित और उसके परिवार को परेशान करते थे। आरोपियों ने पीड़ित की पत्नी और उसकी बेटी की फोटो एडिट करके करीब 600 अश्लील फोटो सोशल मीडिया पर शेयर की थीं। इनमें अनर्गल बातें भी लिखते थेआरोपियों ने अपने मकान के पास स्थित एक घर में लगा रेडिनेट कंपनी का वाई-फाई करीब 2 घंटे 30 मिनट तक इस्तेमाल किया। एक फेक जीमेल आईडी और फेक फेसबुक आईडी बनाई। इसके बाद इन्होंने पीड़ित की पत्नी और बेटी की अश्लील फोटो बनाकर सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दी।
साइबर टीम ने जुटाए सबूत: मामले की गंभीरता और संवेदनशीलता को देखते हुए तत्कालीन एसपी डॉक्टर अजय सिंह ने साइबर टीम को इसकी जिम्मेदारी दी थी। उनके समय में साइबर टीम ने कार्य शुरू कर एक-एक सबूत जुटाने शुरू किए थे।
फेक आईडी करते थे इस्तेमाल:
जब पूरे मामले को साइबर टीम ने सभी फेक सोशल मीडिया अकाउंट का रिकॉर्ड मंगवाकर गहनता से जांचा तो पता चला कि ये बहुत शातिर हैं। फिर एसपी ने साइबर टीम को मामले की लगातार मॉनिटरिंग करने को कहा। करीब 2 साल की मेहनत के बाद आरोपी को पुलिस ट्रेस आउट कर पाई।दोनों आरोपी सोशल मीडिया पर फर्जी अकाउंट बनाकर युवतियों से बात करते और उन्हें अपने जाल में फंसाते थे। जांच में यह भी सामने आया कि दोनों युवक ब्लैकमेल करके और अन्य तरीके से अपने आप को बहुत बड़ा बताकर कई युवतियों व महिलाओं से अवैध संबंध भी बना चुके हैं। आरोपियों के मोबाइल से 4 हजार से ज्यादा युवतियों की फोटोज मिली हैं। उनका इस्तेमाल कहां कर रहे थे, इसके बारे में जांच की जा रही है। दोनों भाइयों को पकड़ने में पुलिस टीम में वाहेगुरु सिंह प्रभारी साइबर सेल, डॉ. केन्द्र प्रताप प्रभारी अभय कमांड सेंटर, रिछपाल सिंह हेड कॉन्स्टेबल साइबर सेल, कॉन्स्टेबल सुभाष सिंह, कर्मजीत सिंह सहित डीएसटी टीम से एसआई ओमप्रकाश शामिल रहे।