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IMG 20230520 WA0054 बीकानेर : सेरोगेट मां घोड़ी से पैदा हुई- राज प्रथमा, देश का पहला केंद्र बना बीकानेर Rajasthan News Portal देश
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Thar पोस्ट, न्यूज। बीकानेर स्थित अश्व उत्पादन परिसर देशभर में पहला केंद्र बन गया है जहां सेरोगेट मदर घोड़ी ने बच्ची घोड़ी को जन्म दिया है। इसका नाम राज प्रथमा रखा गया है। मारवाड़ी नस्ल को बचाने की दिशा में इसे महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। बीकानेर में देश का राष्ट्रीय अश्व उत्पादन परिसर जोड़बीड इलाके में है।

जबकि अश्व उत्पादन केंद्र हिसार में है। बीकानेर के वैज्ञानिकों ने भूण स्थानांतरण तकनीक का उपयोग कर घोडे के बच्चे (बछेडी) का उत्पादन किया है। इस स्थानांतरण तकनीक में ब्लास्टोससस्ट अवस्था (गर्भाधान के 7.5 दिन बाद) में निषेचित भ्रूण को घोड़ी से एकत्रित किया गया। और सरोगेट मा घोड़ी में स्थानांतरित किया गया। आज 19 मई को एक स्वस्थ घोड़ी बीकानेर को मिली। इस तकनीक को पूर्ण करने वाला देश का पहला केंद्र बन गया है। बच्ची घोड़ी का भार 23 किग्रा है। इससे तेज़ी से घट रही मारवाड़ी घोड़ों की संख्या पर रोक लगेगी। एआईसीएआि-एनआिआरसीई लगन से
काम कर रहा है। एक परियोजना के तहत डॉ.टी आर टल्लुरी,डॉ. यशपाल शर्मा डॉ. आर.ए. लेघा डॉ आर के देदार ने मारवाड़ी
घोडी में सफल भ्रूण स्थानांतरित किया । इस परियोजना में टीम को डॉ.सज्जन कुमार श्री मनीष चौहान डॉ जितेंद्र सिंह ने सहयोग किया।
वैज्ञानिकों की टीम को निदेशक डॉ. टी.के.भट्टाचर्या, आईसीएआि-राष्ट्रीय अश्व अनसंधान केंद्र ने बधाई दी है।


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